सपने

सपने मेरे नहीं आपके सपने, हमारे सपने, समाज में व्याप्त विसंगतियां मन को व्यथित करती हैं. संवेदनाओं की पृष्ठभूमि से जन्मी रचनाएँ मेरीनहीं आपकी आवाज हैं. इन आँखों में एक ख्वाब पलता है, सुकून हो हर दिल में इक दिया आश का जलता है. - शशि.
शशि का अर्थ है -- चन्द्रमा, तो चाँद सी शीतलता प्रदान करने का नाम है जिंदगी .
शब्दों की मिठास व रचना की सुवास ताउम्र अंतर्मन महकातें हैं. मेरे साथ सपनों की हसीन वादियों में आपका स्वागत है.

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Sunday, May 5, 2013

पावन धरणी राम की ..........!


पावन धरणी राम की, जिसपे सबको नाज
घूम रहे पापी कई, भेष बदलकर आज
भेष बदलकर आज, नार को छेड़ें सारे
श्वेत रंग पोशाक, कर्म करते हैं कारे
नाम भजो श्री राम, नाम है अति मनभावन
होगा सकल निदान, राम की धरणी पावन



मानव सारे लीन हैं, राम लला की लूट
भक्ति भाव के प्रेम में, शबरी को भी छूट
शबरी को भी छूट, बेर भी झूठे खाये
दुःख का किया विनाश, हृदय में राम समाये
रघुपति हैं आदर्श, भक्त हैं प्रभु को प्यारे
राम कथा, गुणगान, करें ये मानव सारे



रघुपति जन्मे भूमि पे, खास ये त्यौहार
राम कथा को फिर मिला, वेदों में विस्तार
वेदों में विस्तार, राम की लीला न्यारी
कहते वेद पुरान, नदी की महिमा भारी
निर्गुण सगुन समान, प्रजा के प्यारे दलपति
श्री हरि के अवतार, भूमि पर जन्मे रघुपति



सारे वैभव त्याग के, राम गए वनवास
सीता माता ने कहा, देव धर्म ही ख़ास
देव धर्म ही ख़ास, नहीं सीता सी नारी
मिला राम का साथ, सिया तो जनक दुलारी
कलयुग के तो राम, जनक को ठोकर मारे
होवे धन का मान, अधर्मी हो गए सारे



आओ राजा राम फिर, दिल की यही पुकार
आज देश में बढ़ गयी, लिंग भेद की मार
लिंग भेद की मार, दिलों में रावण जागा
कलयुग में तो आज, नार को कहे अभागा
अनाचार की मार, राज्य फिर अपना लाओ
रावण जाए हार, राम फिर वापिस आओ

-- शशि पुरवार

२२ अप्रैल २०१३

13 comments:

  1. बहुत ही सुन्दर छान्दसिक अभिव्यक्ति |

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  2. बहुत सुन्दर प्रस्तुति...!
    आपको सूचित करते हुए हर्ष हो रहा है कि आपकी इस प्रविष्टि् की चर्चा आज सोमवार (06-05-2013) फिर एक गुज़ारिश :चर्चामंच 1236 में "मयंक का कोना" पर भी है!
    सादर...!
    डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

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  3. बहुत उम्दा, बेहतरीन छान्दसिक अभिव्यक्ति,,,

    RECENT POST: दीदार होता है,

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  4. शशि जी . प्रशंसा के लिए शब्द नहीं मिल रहे हैं..बहुत ही अच्छी अभिव्यक्ति..

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  5. सभी कुण्डलियाँ कमाल ... बहुत ही सार्थक, सटीक और सामयिक ...

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  6. बहुत सुंदर रचना
    बहुत सुंदर

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  7. visit the blog: http://maiqbaldelhi.blogspot.in/p/hindi-articles.html

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    Replies
    1. sabhi mitro ka tahe dil se abhaar , aapne yahan aaka anmol tipni se hamen urjwasit kiya .

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  9. बहुत ही सुन्दर छान्दसिक अभिव्यक्ति,आपका आभार.

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  10. बहुत सुन्दर राममयी कृति ..

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  11. अति विशिष्‍ट रचना, आभार
    हिन्‍दी तकनीकी क्षेत्र कुछ नया और रोचक पढने और जानने की इच्‍छा है तो इसे एक बार अवश्‍य देखें,
    लेख पसंद आने पर टिप्‍प्‍णी द्वारा अपनी बहुमूल्‍य राय से अवगत करायें, अनुसरण कर सहयोग भी प्रदान करें
    MY BIG GUIDE

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नमस्कार मित्रों, आपके शब्द हमारे लिए अनमोल है यहाँ तक आ ही गएँ हैं तो अपनी अनमोल प्रतिक्रिया व्यक्त करके हमें अनुग्रहित करें. स्नेहिल धन्यवाद ---शशि पुरवार



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